देहरादून। खेल संघों द्वारा महिला खिलाड़ियों के यौन शोषण के दिये गये अपने विवादास्पद बयान पर खेल मंत्री अरविंद पांडेय कायम हैं। दूसरी ओर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि दोषियों को जेल में डालने की बात कही है।
कैबिनेट बैठक से पहले सचिवालय में उन्होंने फिर कहा कि उनके पास इसके पुख्ता सबूत हैं कि महिला खिलाड़ियों का यौन शोषण हुआ है लेकिन वे इस मामले में कार्रवाई इसलिए नहीं कर रहे क्योंकि इनमें से कई के विवाह हो चुके हैं और ऐसे में वह नहीं चाहते कि किसी की जिंदगी बर्बाद हो।
दूसरी ओर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने इस मामले में खेल मंत्री अरविंद पांडेय व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि सरकार व खेल मंत्री महज बातें न करें बल्कि अगर उनके पास इसके सबूत हैं तो ऐसे लोगों के खिलाफ एफआईआर कर उन्हें जेल में डालना चाहिए। खेल मंत्री को बयानबाजी के बजाय कार्रवाई करनी चाहिए। प्रीतम सिंह ने अरविंद पांडेय के बयान पर सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत को भी आड़े हाथों लिया। सीएम ने कहा था कि वह गुजरात में थे, इसलिए उन्हें खेल मंत्री ने क्या कहा, पता नहीं। प्रीतम सिंह ने कहा कि यह हास्यास्पद है।