देहरादून (गढ़वाल का विकास न्यूज)। बिन डॉक्टरों वाले अस्पतालों में दस दिन के भीतर डॉक्टर भेजने के निर्देश देते हुए प्रदेश के सहकारिता, उच्च शिक्षा, दुग्ध विकास एवं प्रोटोकाॅल राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डाॅ0 धन सिंह रावत ने कहा कि जिन अस्पतालों में सरप्लस चिकित्सक हैं, वहां से रिक्त स्थलों पर चिकित्सक भेजे जाएं। उन्होंने आयुव्रेद, होम्योपैथी व्यवस्था को भी धरातल पर लाकर सेवाएं प्रदान करने का भी निर्देश दिया।
डॉ. रावत ने विधानसभा स्थित सभाकक्ष में पौड़ी जनपद और श्रीनगर में स्वास्य व्यवस्था और विकास प्रक्रिया को चुस्त-दुरुस्त करने के लिए सचिव स्तर की बैठक ली। उन्होंने श्रीनगर मेडिकल कॉलेज में बाघ से बचाव के लिए बाउंड्री वाल बनाने, फायर स्टेशन और टेलीफोन एक्सचेंज को हैण्डओवर करने, ऑडिटोरियम बनाना, सीटी स्कैन के लिए शासन में प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया। श्रीनगर में शीघ्र 200 बैड का हास्पिटल लोकार्पित किया जाएगा।श्रीनगर मेडिकल कालेज में स्टाफ, फैकल्टी, उपकरण, साज-सज्जा, जनपद पौड़ी गढ़वाल के प्राथमिक स्वास्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्य केंद्र एलोपैथिक, आयुव्रेदिक, होम्योपैथिक, चिकित्सालयों में चिकित्सकों. पैरामेडिकल स्टाफ की कमी आदि समस्याओं के समाधान के संबंध में समीक्षा बैठक लेने का निर्देश जिलाधिकारी को दिया गया। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेलवे लाइन परियोजना के संबंध में श्रीनगर में बनने वाले खेल मैदान एवं ऑडिटोरियम के लिए शीघ्र प्रारंभ करने का निर्देश दिया गया। श्रीनगर में लगभग दस करोड़ Rs की लागत से दो हैक्टेयर से अधिक का खेल के मैदान एवं आठ करोड़ रुपये की लागत से 500 सीटर ऑडोटोरियम का निर्माण होना है। इस हेतु भूमि का अनापत्ति प्रमाण पत्र बैठक में जिलाधिकारी पौड़ी ने दिया। इस परियोजना से ठंडी सड़क का निर्माण किया जाएगा।
बैठक में लैंसडौन विधायक दलीप रावत, पौड़ी विधायक मुकेश कोली, सचिव स्वास्य नितेश झा, जिलाधिकारी पौड़ी धीरज सिंह गब्र्याल, निदेशक होम्योपैथी डॉ. राजेन्द्र, अपर आयुक्त बीएल राणा एवं रेलवे के अधिकारी व अन्य एवं विभागीय अधिकारी मौजूद थे।