बिल से जुड़े भ्रम व भ्रान्तियों को दूर करने के लिए की सरकार से अपील
नागरिकता संशोधन कानून व नागरिकता संशोधन बिल की पेचीदगियों पर चर्चा
देहरादून (गढ़वाल का विकास न्यूज)। उत्तराखण्ड के चीफ इमाम, जमीयत उलेमा-ए-हिन्द के सदर और जामियातुस्सलाम अल इस्लामिया के प्रबंधक मुफ्ती रईस अहमद कासमी श्री दरबार साहिब पहुंचे। उन्होंने श्री दरबार साहिब के श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज से शिष्टाचार भेंट की। भेंटवार्ता के दौरान श्री महाराज जी व चीफ इमाम के बीच नागरिकता संशोधन कानून व नांगरिकता संशोधन बिल के बारे में चर्चा हुई। बिल के बारे में सामान्य जनमानस के बीच जो भ्रम व भ्रान्तियां हैं, उन भ्रांतियों को दूर किए जाने सहित कई पेचीदा बिन्दुओं पर राय शुमारी भी हुई। इसके अलावा उत्तराखण्ड के मदरसों व वक्फ बोर्ड की दशा सुधारने पर भी चर्चा हुई।
उत्तराखण्ड के चीफ इमाम मुफ्ती रईस अहमद कासमी ने कहा कि नागरिकता संशोधन बिल को लेकर लोग भ्रम व असमंजस की स्थिति में है। आम जनमानस की शंकाओं को दूर करने के लिए सरकार को वरिष्ठ प्रतिनिधि नियुक्त करने चाहिए जो आम बोलचाल की भाषा में नागरिकता संशोधन बिल की व्याख्या कर सकें व सही जानकारी लोगों तक पहुंचा सकें। सरकार व जनता के बीच ऐसा सीधा संवाद भ्रम व भ्रांति को काफी हद तक दूर करने का काम करेगा। उन्होंने श्री दरबार साहिब के प्रति आस्था जताते हुए कहा कि श्री दरबार साहिब की ओर से यदि बिल की भ्रांतियों को दूर करने के बारे में कोई प्रयास किया जाता है तो वह स्वागत योग्य होगा व हमें स्वीकार्य होगा।
श्री दरबार साहिब के श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने कहा कि इस बिल के बारे में आम जनमानस के बीच जिन बिन्दुओं पर भ्रम व संशय की स्थिति है, उन्हें जनता को समझाकर दूर किया जा सकता है। उन्होंने उत्तराखण्ड के चीफ इमाम को आश्वस्त किया कि वह स्वयं इस विषय पर मुख्यमंत्री से बात करेंगे व ऐसा माहौल तैयार करने की कोशिश करेंगे कि सरकार व आमजनमास के बीच सीधा संवाद कायम हो सके व इस बिल की सही व्याख्या लोगोें तक पहुंच सके।