मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने ताई अहोम छात्र संघ के सदस्यों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि वृक्षारोपण के प्रति आम जनमानस को प्रेरित करने के लिये किया जा रहा प्रयास पर्यावरण के प्रति जागरूकता के प्रसार में मददगार होगा। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण तथा पर्यावरण संरक्षण वास्तव में समय की आवश्यकता है। वृक्षारोपण से जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने, मिट्टी के कटाव को रोकने तथा भूमि की जल शोधन क्षमता को बढ़ाने में भी मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि युवाओं द्वारा इस प्रकार की सामाजिक जन जागरूकता के प्रयास समाज के लिये प्रेरणा का भी कार्य करते हैं।
इस अवसर पर स्टुडेंट यूनियन असम के अध्यक्ष श्री वसंत गगोई, अरूणांचल के श्री मोनिया बामें तथा नागालैण्ड के श्री विनोटो सोहे उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत से उत्तरांचल ब्रिक एण्ड टाइल्स मैन्युफैक्चरिंग एसोसिएशन के सदस्यों ने भेंट की। उन्होंने ईंट भट्टा उद्यमियों के आवेदन शुल्क तथा रायल्टी की दरों को सही रूप से तय करने का अनुरोध मुख्यमंत्री से किया।
मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने एसोसिएशन के सदस्यों से अपेक्षा की कि वे अपनी समस्याओं से संबंधित विस्तृत विवरण तथ्यों सहित एक सप्ताह में शासन को उपलब्ध करायें। मुख्यमंत्री ने इस संबंध में सम्यक विचारोपरान्त आवश्यक कार्यवाही का भी आश्वासन दिया।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव श्री ओम प्रकाश, प्रमुख सचिव श्रीमती मनीषा पंवार, अपर सचिव मुख्यमंत्री एवं निदेशक खनन डा. मेहरबान सिंह बिष्ट, उत्तरांचल ब्रिक एण्ड टाइल्स एण्ड मैनुफैक्चरिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री रमेश बत्ता, श्री पुनीत मित्तल, विपिन गोयल, सुभाष सहगल, नरेश त्यागी आदि उपस्थित थे।