शहीद मेजर विभूति ढौंडियाल की अंतिम यात्रा में उमड़ा जनसैलाब

गम और गुस्से के बीच निकली शहीद की अंतिम यात्रा
देहरादून। पुलवामा में आतंकियों से मुठभेड़ के दौरान शहीद मेजर विभूति शंकर ढौंडियाल की अंतिम यात्रा में मंगलवार सुबह जनसैलाब उमड़ पड़ा। गम और गुस्से के बीच उनके आवास से शहीद की अंतिम यात्रा निकली। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, समेत कई मंत्री, विधायक, सेना, शासन प्रशासन के आला अधिकारी शहीद को अंतिम विदाई देने पहुंचे। हरिद्वार के खड़खड़ी घाट में शहीद मेजर विभूति ढौंडियाल का अंतिम संस्कार किया गया।
मेजर तेरा ये बलिदान, याद करेगा हिंदुस्तान। भारत माता की जय। पाकिस्तान मुर्दाबाद… जैसे नारों के बीच सोमवाद देर शाम तिरंगे में लिपटे शहीद मेजर विभूति ढौंडियाल के पार्थिव शरीर को उनके डंगवाल मार्ग स्थित आवास पर लाया गया। यहां सैकड़ों की संख्या में लोग भी पीछे-पीछे नारेबाजी करते हुए उनके घर के बाहर एकत्र हो गए। शहीद मेजर विभूति की अंतिम यात्रा मंगलवार सुबह सुबह शुरू हुई। इससे पहले सेना के अफसरों ने आवास पर शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित की। मौसम खराब होने के बावजूद भी लोग शहीद के अंतिम दर्शन के लिए सुबह से उनके आवास पहुंचने शुरू हो गए थे। शहीद के अंतिम दर्शन के लिए तमाम लोग अपनी छतों पर और सड़कों पर जमा हो गए। martyr major vibhuti
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने शहीद को श्रद्धांजलि दी। इसके बाद शहीद के परिजनों ने उनके आखिरी दर्शन किए और श्रद्धांजलि दी। अंतिम दर्शन के समय पत्नी ने शहीद की तस्वीर को नमन किया। फिर उनके पार्थिव शरीर को चूमा, ‘आई लव यू’ कहा और देखती रही। उन्होंने खुद पति की अंतिम यात्रा की अगुआई की। शहीद के परिजनों को रोता.बिलखता देखकर आसपास खड़े लोगों की आंखें छलक पड़ी। इस दौरान जांबाज मेजर के जाने का दुख सेना के जवानों की आंखों में भी दिखा। अंतिम यात्रा में उमड़े जनसैलाब ने भी ‘जब तक सूरज चांद रहेगा, विभूति तेरा नाम अमर रहेगा’ के नारे लगाकर मेजर विभूति को अंतिम विदाई दी। यही नहीं पाकिस्तान के खिलाफ भी लोगों में भारी आक्रोश था। लोगों ने पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे भी लगाये।
इसके बाद शहीद का पार्थिव शरीर अंतिम यात्रा के लिए ले जाया गया, जहां से अंतिम यात्रा हरिद्वार के लिए प्रस्थान कर गई। डोईवाला क्षेत्र के भानियावाला शहीद मेजर के अंतिम दर्शनों के लिये लोगों की भीड़ उमड़ी। लोगों ने भारत माता की जय, पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए। दोपहर करीब 12 बजे शहीद की अंतिम यात्रा हरिद्वार पहुंची। हरिद्वार के खड़खड़ी घाट में शहीद मेजर विभूति ढौंडियाल का अंतिम संस्कार किया गया। चाचा जगदीश प्रसाद ढौंडियाल ने मुखाग्नि दी। डंगवाल रोड निवासी स्व. ओमप्रकाश ढौंडियाल के पुत्र मेजर विभूति कुमार ढौंडियाल सोमवार को पुलवामा में आतंकियों से मुठभेड़ के दौरान शहीद हो गए थे। वे 55 राष्ट्रीय राइफल्स में तैनात थे।
CM ने शहीद मेजर विभूति ढ़ौडियाल को दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने डंगवाल मार्ग, देहरादून में शहीद मेजर विभूति शंकर ढ़ौडियाल के आवास पर जाकर उनकी पार्थिव देह पर पुष्प चक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री ने शहीद के परिजनों से भेंट कर शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता दुःख की इस घड़ी में शहीद परिवार के साथ है। मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद मेजर विभूति शंकर ढ़ौडियाल के आश्रित को शैक्षिक योग्यता के अनुसार नौकरी दी जायेगी। इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, कैबिनेट मंत्री अरविन्द पाण्डेय, विधायक हरवंश कपूर, गणेश जोशी, मुन्ना सिंह चैहान, खजान दास, प्रीतम सिंह, मेयर सुनील उनियाल गामा व सैन्य अधिकारियों ने मेजर विभूति शंकर ढ़ौडियाल को श्रद्वांजलि अर्पित की।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *