देहरादून (गढ़वाल का विकास न्यूज)। जिलाधिकारी सी रविशंकर द्वारा सर्वे चैक स्थित वन स्टाॅप सेन्टर का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने समस्त कार्मिकों द्वारा किये जाने वाले कार्यों की जानकारी प्राप्त की तथा उनके द्वारा तैयार किये गये अभिलेखों, पंजिकाओं का अवलोकन करते हुए उसमें और सुधार करने के निर्देश दिये। उन्होंने दिव्यांग लाभार्थियों हेतु वन स्टाॅप सेन्टर में व्हीलचेयर की तत्काल व्यवस्था करने, दर्ज प्रकरणों का माहवार बोर्ड में अंकन करने, विधिक सहायता सम्बन्धित प्रकरणों तथा कुल दर्ज प्रकरणों और सहायता प्राप्त लाभार्थियों की संख्या के अन्तर का परीक्षण करते हुए विस्तृत नोट प्रस्तुत करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि वन स्टाॅप सेन्टर में आने वाले सभी लाभार्थियों से परामर्श लिया जाय तथा उनकी सहायता से निस्तारित और प्रदान की गयी विधिक सहायता इत्यादि का विस्तृत विवरण तैयार किया जाय। उन्होंने प्रकरणों को तिथि व समय सहित पंजिका में अंकन करने, जटिल एवं अलग प्रकृति के प्रकरणों के सम्बन्ध में किये गये कार्यों का ब्यौरा राज्य सरकार तथा भारत सरकार को भी प्रेषित किया जायें तथा पोक्सो से सम्बन्धित मामलों में निर्भया प्रकोष्ठ में सन्दर्भित किये गये प्रकरणों की सूची शीघ्र तैयार करने के भी निर्देश दिये। जिलाधिकारी ने निर्भया प्रकोष्ठ से सम्बन्धित कर्मचारियों को शीघ्र वन स्टाॅप सेन्टर में समायोजित करते हुए प्रकोष्ठ द्वारा अंतरित किये गये प्रकरणों का अभीलेखीकरण भी वन स्टाॅप सेन्टर के अभिलेखों में करते के निर्देश दिये। जिलाधिकारी द्वारा महिला हेल्पलाईन 181 का निरीक्षण करने पर प्रबन्धक द्वारा जानकारी दी गयी कि 181 में अक्टूबर 2019 तक कुल 2756 मामले दर्ज किये गये है, जिनमें से कुल 2519 मामले निस्तारित एवं कुल 237 लम्बित होना बताया गया। जिलाधिकारी ने महिला हेल्पलाईन के सम्बन्ध में निर्देश दिये कि इस हेल्पलाईन में भी सीसीटीवी कैमरे लगाते हुए वन स्टाॅप सेन्टर से जोड़े जायें साथ ही महिला हेल्पलाईन 181 के लिए समस्त जनपदों के सम्बन्धित विभागों के विकासखण्ड/तहसील स्तरीय से लेकर जनपद स्तरीय अधिकारियों तक के पदनाम, दूरभाष न0, मोबाईल न0, ईमेल आईडी तथा कार्यालय के पते सहित डाक्यूमेंट्री तैयार करवाई जाय, जिसमें लाभपरक योजनाओं का संक्षिप्त विवरण एवं उनके लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया के बारे में भी विवरण दिया जाय, जिससे किसी लाभार्थी द्वारा हेल्पलाईन में फोन करने पर सम्बन्धित काॅल रिस्पाॅन्डर द्वारा फोन करने वाले को योजना का लाभ प्राप्त करने के विषय में सही मार्गदर्शन दिया जा सके।
उन्होंने यह भी निर्देश दिये कि महिला हेल्पलाईन 181 के लिए 24×7 रेस्क्यू वेन का भी प्रावधान किया जाय, जिससे कि दूरस्थ क्षेत्रों से किसी पीड़िता का फोन आने पर 181 या वन स्टाॅप सेन्टर के कार्मिकों द्वारा तत्काल उसका रेस्क्यू वांछित सुविधाओं प्रदान की जा सके। इसी के साथ जिलाधिकारी ने वन स्टाॅप सेन्टर और महिला हेल्पलाईन 181 से जुड़े सभी कार्मिकों को आपसी समन्वय से बेहतर कार्य करने के निर्देश दिये।